चंपावत: शेरोंन दिवस पर गूंजा कुमाऊं राइफल्स का शौर्य, शहीदों को नमन कर याद की वीरता की गाथा।

Share This Post

चंपावत। तृतीय कुमाऊं राइफल्स (द कुमाऊं रेजीमेंट) के पूर्व सैनिकों ने शनिवार को बैटल ऑनर शेरोंन 108वां  दिवस पूरे जोश और सैन्य गौरव के साथ मनाया। समारोह में शहीद वीर सैनिकों के बलिदान को याद कर उन्हें श्रद्धांजलि दी गई। पूर्व सैनिकों ने पलटन की वीरता, गौरवशाली इतिहास और देशसेवा की परंपराओं को स्मरण करते हुए सैन्य विरासत को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया।

मां कालिका के समक्ष दीप जला शहीदों को दी श्रद्धांजलि
कार्यक्रम की शुरुआत मुख्य अतिथि पूर्व सैनिक लक्ष्मण सिंह ने कुमाऊं की कुलदेवी मां कालिका के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित कर की। इसके बाद शहीद वीर सैनिकों की स्मृति में दो मिनट का मौन रखकर श्रद्धांजलि अर्पित की गई। माहौल में शहीदों के प्रति सम्मान और पलटन के गौरव का भाव साफ नजर आया।



कार्यक्रम की अध्यक्षता पूर्व सैनिक राजेंद्र सिंह ने की, जबकि संचालन सीएचएम प्रहलाद सिंह अधिकारी ने किया। सीएचएम प्रहलाद सिंह अधिकारी ने कुमाऊं राइफल्स के इतिहास और सैन्य परंपराओं पर प्रकाश डालते हुए पलटन की गौरवगाथा को सामने रखा। उन्होंने देश की रक्षा में सैनिकों के योगदान और अनुशासन की अहमियत को रेखांकित किया।

हवलदार मोहन चंद्र जोशी ने पलटन की उपलब्धियों का उल्लेख करते हुए बताया कि यूनिट ने कम समय में कई महत्वपूर्ण उपलब्धियां हासिल कीं। उन्होंने कहा कि पलटन की पहचान केवल सैन्य उपलब्धियों से नहीं, बल्कि उसके साहस, अनुशासन और समर्पण की परंपरा से भी बनी है।
इस दौरान सूबेदार भवानी दत्त, सूबेदार महेश सिंह बागोटी, सीएचएम प्रहलाद सिंह अधिकारी, हवलदार प्रताप सिंह करायत, हवलदार शोबन सिंह और हवलदार कृष्णानंद गहतोड़ी ने विचार व्यक्त किए। वक्ताओं ने शहीद सैनिकों के त्याग को नमन करते हुए कहा कि उनकी वीरता आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा बनी रहेगी।

समारोह में हवलदार संजय जोशी, गोविंद सिंह धोनी, चतुर सिंह, नारायण दत्त, सुरेंद्र सिंह, नायक गोविंद सिंह, शंकर राम, दीपक फर्त्याल, गोकुल सिंह, बचीनाथ सहित अन्य पूर्व सैनिक मौजूद रहे। कार्यक्रम के दौरान पूर्व सैनिकों ने आपसी मुलाकात कर सैन्य जीवन की यादें साझा कीं और पलटन की गौरवशाली परंपराओं को आगे बढ़ाने का संकल्प दोहराया।

फोटो_शेरोंन दिवस पर शहीदों को श्रद्धांजलि देते तृतीय कुमाऊं राइफल्स के पूर्व सैनिक।


Share This Post