चंपावत: सरकारी योजनाओं में कर्ज बांटने में पिछड़े बैंक,डीएम ने लगाई फटकार!

Share This Post

पीएम स्वनिधि के लंबित आवेदन जल्द निपटाने के निर्देश, ऋण-जमा अनुपात बढ़ाने पर जोर

चंपावत। जिलाधिकारी मनीष कुमार ने सरकारी ऋण योजनाओं के तहत अपेक्षा के अनुरूप ऋण वितरण नहीं करने वाले बैंकों पर नाराजगी जताई। उन्होंने बैंकों को ऋण-जमा अनुपात बढ़ाने और पात्र लोगों को समय पर ऋण उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। साथ ही पीएम स्वनिधि योजना के लंबित आवेदनों का शीघ्र निस्तारण करने को कहा।

बुधवार को जिला स्तरीय पुनरीक्षण समन्वय समिति एवं जिला परामर्शदात्री समिति की बैठक में जिलाधिकारी ने बैंकवार ऋण वितरण की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि सरकारी योजनाओं का उद्देश्य लोगों को स्वरोजगार से जोड़कर उनकी आय बढ़ाना है। इसके लिए बैंक और संबंधित विभाग आपसी समन्वय से काम करें, ताकि पात्र लोगों को ऋण लेने में अनावश्यक परेशानी न हो।

पीएम स्वनिधि योजना की समीक्षा के दौरान डीएम ने पात्र पथ विक्रेताओं को समय पर ऋण उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि आवेदनों को अनावश्यक रूप से लंबित न रखा जाए, जिससे छोटे कारोबारियों को अपना व्यवसाय चलाने और विस्तार करने में मदद मिल सके।
बैठक में कृषि एवं अन्य गतिविधियों के लिए ऋण वितरण, गैर-निष्पादित परिसंपत्तियों (एनपीए) और ऋण वसूली की स्थिति की भी समीक्षा की गई।

डीएम ने बैंकों को ऋण वसूली में प्रगति लाने तथा वित्तीय साक्षरता शिविर आयोजित कर लोगों को बैंकिंग सेवाओं और सरकारी योजनाओं की जानकारी देने को कहा।
ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान की गतिविधियों, कौशल विकास और महिला गिग वर्करों से जुड़े विषयों पर भी चर्चा की गई।

बैठक में डीएफओ धिनू पुरुषोत्तम, प्रभारी मुख्य विकास अधिकारी अजय सिंह, लीड बैंक मैनेजर विजय दत्त जोशी, नाबार्ड से स्वाति कार्की, मुख्य कृषि अधिकारी डी. कुमार, डेयरी प्रबंधक जीएस राणा, जिला पर्यटन अधिकारी शानू प्रकाश सहित विभिन्न बैंकों और विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।

फोटो_ बैठक में बैंकिंग योजनाओं की समीक्षा करते जिलाधिकारी मनीष कुमार।


Share This Post