

पीएमजीएसवाई स्टेज-4 में शामिल गांवों को मोटर मार्ग से जोड़ने की कवायद तेज, केंद्र स्तर पर हुई अहम बैठक।
चंपावत। जिले के दूरस्थ और सीमांत इलाकों के 38 गांवों के सड़क से जुड़ने की उम्मीद अब तेज हो गई है। प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (पीएमजीएसवाई) स्टेज-4 के तहत इन गांवों को मोटरेबल सड़क सुविधा से जोड़ने की प्रक्रिया आगे बढ़ रही है। योजना को लेकर भारत सरकार के ग्रामीण विकास मंत्रालय स्तर पर अहम बैठक भी हुई है।
सड़क सुविधा मिलने से लंबे समय से आवागमन की समस्या झेल रहे ग्रामीणों को बड़ी राहत मिलेगी। गांवों से जिला मुख्यालय और अन्य प्रमुख क्षेत्रों तक पहुंच आसान होने के साथ ही आपात स्थिति में मरीजों को अस्पताल पहुंचाने में समय की बचत होगी। विद्यार्थियों को भी स्कूल-कॉलेज आने-जाने में सुविधा मिलेगी।
सड़क बनने का सीधा असर ग्रामीण अर्थव्यवस्था पर भी पड़ेगा। किसानों और बागवानों को अपनी उपज बाजार तक पहुंचाने में आसानी होगी। इससे कृषि, उद्यान, पर्यटन और स्थानीय रोजगार की गतिविधियों को भी गति मिलने की उम्मीद है।
जिलाधिकारी मनीष कुमार ने कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के मार्गदर्शन में सड़क सुविधा से वंचित गांवों को प्राथमिकता के आधार पर सड़क नेटवर्क से जोड़ने के प्रयास किए जा रहे हैं। पीएमजीएसवाई स्टेज-4 के तहत 38 गांवों के जुड़ने से शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि, उद्यान और आजीविका के क्षेत्र में सकारात्मक बदलाव आएगा।
उन्होंने संबंधित अधिकारियों को केंद्र स्तर पर चल रही प्रक्रिया में आवश्यक औपचारिकताएं समय पर पूरी करने और प्रस्तावों की प्रभावी पैरवी करते हुए कार्रवाई में तेजी लाने के निर्देश दिए हैं।
फोटो_ जिलाधिकारी मनीष कुमार।




