

जिला चिकित्सालय में रील बनाकर फेसबुक पर डालने के मामले में कार्रवाई, काउंसलिंग के बाद लिखित माफीनामा
चंपावत। जिला चिकित्सालय में रील बनाकर सोशल मीडिया पर पोस्ट करने के मामले में चंपावत पुलिस ने कार्रवाई की है। संबंधित व्यक्ति को कोतवाली बुलाकर पूछताछ करने के बाद उत्तराखंड पुलिस अधिनियम के तहत उसका चालान किया गया। पुलिस ने काउंसलिंग कर भविष्य में ऐसी हरकत नहीं दोहराने की हिदायत भी दी।

पुलिस के अनुसार, 22 अक्टूबर को जिला चिकित्सालय में रील बनाकर फेसबुक पर पोस्ट करने का मामला सामने आया था। इस पर 25 अक्टूबर को संबंधित व्यक्ति को कोतवाली बुलाकर पूछताछ की गई। उसने जानकारी के अभाव में रील बनाने की बात स्वीकार करते हुए भविष्य में सार्वजनिक स्थानों पर ऐसी गतिविधि नहीं करने का लिखित माफीनामा दिया।
कोतवाली पुलिस ने चालान की कार्रवाई करने के साथ ही भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) की धारा 152 के तहत चालानी रिपोर्ट न्यायालय भेजने की प्रक्रिया शुरू की है। पुलिस ने लोगों से अस्पतालों, विद्यालयों और अन्य सार्वजनिक स्थानों पर लाइक्स व शेयर के लिए रील बनाने से बचने की अपील की है। पुलिस का कहना है कि ऐसी गतिविधियों से आमजन को असुविधा हो सकती है और सार्वजनिक व्यवस्था प्रभावित हो सकती है।
खबर का असर- जिला चिकित्सालय में रीलबाजी का मामला सामने आने के बाद पुलिस ने कार्रवाई कर स्पष्ट संदेश दिया है कि सार्वजनिक स्थानों की गरिमा और व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।



