चंपावत: ‘मां की सीख’ में दिखी संस्कारों की झलक, बाल कहानी संग्रह का विमोचन।

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लोहाघाट। राजकीय इंटर कॉलेज खेतीखान में क्षेत्र की साहित्यकार एवं हिंदी प्रवक्ता कमला वेदी के बाल कहानी संग्रह ‘मां की सीख’ का समारोहपूर्वक विमोचन किया गया। वक्ताओं ने पुस्तक को बाल संस्कारों और नैतिक मूल्यों से जुड़ी उपयोगी कृति बताते हुए लेखिका के प्रयास की सराहना की। विद्यालय के प्रधानाचार्य धीरज सिंह चौहान की अध्यक्षता एवं दिवाकर भट्ट के संचालन में आयोजित कार्यक्रम में संस्कृत प्रवक्ता विद्यासागर लोहनी ने पुस्तक की समीक्षा की।

उन्होंने कहा कि पुस्तक में शामिल कहानियां बच्चों को प्रेरणा देने के साथ उन्हें नैतिक मूल्यों, संस्कारों और जीवन से जुड़े महत्वपूर्ण संदेशों से जोड़ती हैं।

लेखिका कमला वेदी की यह छठी पुस्तक है। इसमें कुल 12 बाल कहानियां शामिल हैं। कहानियों को सरल एवं रोचक शैली में प्रस्तुत किया गया है, जिनके माध्यम से बच्चों को अच्छे आचरण, सकारात्मक सोच और जीवन में सही मार्ग अपनाने की सीख दी गई है।

मुख्य अतिथि दिनेश चंद्र पनेरू ने पुस्तक का विमोचन किया। इस दौरान प्रवक्ता अर्जुन कुमार, संजना टम्टा, सरोज जोशी, नीलम राणा, आशा राणा, कविता ढेग, गुंजन सगटा, संदीप कलखुड़िया, जितेंद्र कुमार, पचौरी एवं कैलाश जोशी सहित अन्य लोग मौजूद रहे। छात्र-छात्राओं में रिसव देवपा, रवि, कुलदीप और गौरव सहित अन्य विद्यार्थी उपस्थित रहे।

कार्यक्रम में बताया गया कि 5 सितंबर को अंतरराष्ट्रीय साहित्यिक संस्था ‘बुलंदी’ की ओर से कमला वेदी को शिक्षक सम्मान प्रदान किया गया। उनकी इस उपलब्धि पर विद्यालय परिवार और उपस्थित लोगों ने शुभकामनाएं दीं।
वक्ताओं ने कहा कि ‘मां की सीख’ जैसी पुस्तकें बच्चों में पढ़ने की रुचि बढ़ाने के साथ उनके भीतर संस्कार, नैतिकता और सकारात्मक जीवन-मूल्यों के विकास में मददगार साबित हो सकती हैं। वर्तमान में कमला वेदी राजकीय इंटर कॉलेज खेतीखान में हिंदी प्रवक्ता के रूप में सेवाएं दे रही हैं।

फोटो_खेतीखान में ‘मां की सीख’ बाल कहानी संग्रह का विमोचन करते मुख्य अतिथि एवं अन्य।


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