चंपावत। जनपद में संचालित ग्रामोत्थान परियोजनाओं को गति देने और गुणवत्ता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से मुख्य विकास अधिकारी डॉ. जीएस खाती ने बाराकोट और चंपावत विकासखंडों की ब्लॉकवार वर्चुअल समीक्षा बैठक आयोजित की। बैठक में परियोजना के तहत चल रही विभिन्न गतिविधियों की प्रगति का गहन मूल्यांकन किया गया।
समीक्षा के दौरान अल्ट्रा पुअर पैकेज, प्रथम व द्वितीय शेयर मैचिंग, लघु उद्यम योजना के तहत व्यक्तिगत एवं सामूहिक उद्यमों की स्थापना व संचालन, वे-साइड एनीमिटीज, वीओ स्तर पर उन्नत कृषि यंत्रों की उपलब्धता, सीएसए प्रशिक्षण, विभागीय अभिसरण तथा ग्रेडिंग जैसे महत्वपूर्ण बिंदुओं पर विस्तार से चर्चा की गई।
सीडीओ ने स्पष्ट निर्देश दिए कि लक्ष्य पूर्ति के साथ-साथ योजनाओं की गुणवत्ता और प्रभावशीलता पर विशेष ध्यान दिया जाए। उन्होंने कहा कि जमीनी स्तर पर पात्र लाभार्थियों के चयन में पारदर्शिता, आपसी समन्वय और सहभागिता बेहद जरूरी है, ताकि योजनाओं का वास्तविक लाभ जरूरतमंदों तक पहुंच सके।
बैठक में जिला परियोजना प्रबंधक ममराज चौहान ने भी फील्ड व ब्लॉक स्तर के स्टाफ को प्रेरित करते हुए कहा कि रीप और एनआरएलएम के सहयोग से संचालित आयवर्धक गतिविधियों की नियमित मॉनिटरिंग और मूल्यांकन किया जाए, जिससे गरीबतम परिवारों को योजनाओं का अधिकतम लाभ मिल सके।
इस वर्चुअल बैठक में ग्रामोत्थान के सभी सेक्टर हेड, दोनों विकासखंडों के बीएमएम, ब्लॉक रीप स्टाफ, सीएलएफ स्टाफ, आईपीआरपी तथा बाराकोट व चंपावत में गठित 12 संघों के अध्यक्षों ने प्रतिभाग किया।
चंपावत में ग्रामोत्थान परियोजनाओं की समीक्षा, सीडीओ बोले—लक्ष्य के साथ गुणवत्ता भी जरूरी।
