‘हर-हर महादेव’ के जयघोष से गूंजा गोरखधूना, 28 जुलाई को पूर्णाहुति के साथ संपन्न होगी शिव महापुराण कथा
चंपावत। श्री गुरु गोरक्षनाथ मंदिर, गोरखधूना, मंच (तल्लादेश) में आयोजित श्री शिव महापुराण कथा के षष्ठम दिवस पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। भगवान भोलेनाथ एवं श्री गुरु गोरक्षनाथ की कृपा से आयोजित कथा में पूज्य व्यास प्रकाश जोशी के श्रीमुख से प्रवाहित शिव महापुराण का रसपान करने के लिए दूर-दूर से श्रद्धालु पहुंच रहे हैं। मंदिर परिसर “हर-हर महादेव”, “जय गुरु गोरक्षनाथ” और “जय बाबा जसवंत नाथ” के जयघोष से भक्तिमय वातावरण में डूबा रहा।
मंदिर के महंत योगी रामनाथ ने कहा कि श्रावण मास भगवान शिव की आराधना का सर्वोत्तम काल है। इस पावन मास में शिवलिंग पर श्रद्धापूर्वक जलाभिषेक, रुद्राभिषेक एवं शिव महापुराण का श्रवण करने से भगवान शिव भक्तों के सभी कष्ट दूर कर सुख, शांति, समृद्धि और उत्तम स्वास्थ्य का आशीर्वाद प्रदान करते हैं। उन्होंने कहा कि शिव महापुराण के अनुसार श्रद्धा और भक्ति से कथा श्रवण करने वाले भक्त के पापों का नाश होता है तथा उसके जीवन में आध्यात्मिक उन्नति का मार्ग प्रशस्त होता है।
महंत योगी रामनाथ ने बताया कि श्री शिव महापुराण कथा का समापन मंगलवार, 28 जुलाई को होगा। इस अवसर पर प्रातः 7:30 बजे पूर्णाहुति एवं हवन-पूजन तथा दोपहर 1:30 बजे से विशाल महाभंडारे का आयोजन किया जाएगा। उन्होंने समस्त श्रद्धालुओं से सपरिवार उपस्थित होकर हवन-पूजन में सहभागी बनने तथा महाप्रसाद ग्रहण कर भगवान भोलेनाथ एवं श्री गुरु गोरक्षनाथ का दिव्य आशीर्वाद प्राप्त करने का आग्रह किया।
फोटो_श्री शिव महापुराण कथा के षष्ठम दिवस पर भगवान भोलेनाथ की भव्य आरती करते श्री गुरु गोरक्षनाथ मंदिर के महंत योगी रामनाथ।

