नैतिकता एवं सुशासन व नेतृत्व क्षमता विकास पर प्रशिक्षण का शुभारंभ।
चंपावत 02 जून। ग्रामोत्थान परियोजना व ग्रामीण आजीविका मिशन के अंतर्गत चंपावत विकास खंड में संचालित छ: आजीविका संघो व किसान उत्पादक संगठन के चयनित संचालकों व स्टाफ का नैतिकता, सुशासन व नेतृत्व क्षमता विषय पर तीन दिवसीय प्रशिक्षण का बीडीओ चंपावत अशोक आधिकारी द्वारा विधिवत शुभारम्भ करते हुए उपस्थित प्रतिभागियों को तीन दिवसीय प्रशिक्षण में सक्रिय प्रतिभाग एवं समुदाय आधारित संगठनों की सुशासन व्यवस्था को सशक्त व सुदृढ़ करने हेतु उत्प्रेरित व मार्गदर्शित किया।
ब्लॉक सभागार चंपावत में संचालित तीन दिवसीय प्रशिक्षण के प्रथम दिवस में ग्रामोत्थान के मास्टर ट्रेनर प्रकाश चंद्र पाठक व हरीश ने प्रशिक्षण के उददेश्य व रुपरेखा से प्रतिभागियों को अवगत कराते हुए कृषक उत्पादक संघ व स्वायत्त सहकारिता की अवधारणा, मूल्य व सिद्धांत, पंजीकरण व गठन प्रक्रिया, सहकारिता व कंपनी एक्ट की विशेषताएँ, कार्यप्रणाली, स्वरुप व संचालन प्रक्रिया, संचालकों के कार्य दायित्व आदि की विस्तार पूर्वक जानकारी दी गई।
जिला परियोजना प्रबंधक ममराज चौहान ने सहकारिता व एफपीओ में सुशासन प्रक्रिया को स्पष्ट करते हुए सुशासन के मुख्य बिंदु पारदर्शिता, जबाबदेही, भागीदारी, नियमों का पालन, दक्षता, नैतिकता व ईमानदारी, नेतृत्व, दूरदर्शीता, भ्रष्टाचार नियंत्रण ,शिकायत निवारण आदि पर सहभागी चर्चा कर प्रतिभागियों को समूह व सहकारिताओं में बेहतर सुशासन हेतु प्रेरित किया गया।
आरबीआई इनक्यूबेटसन मैनेजर पंकज बिष्ट ने लाइसेंस प्रक्रिया, डिजिटल मार्कैटिंग, बैंक ऋण योजना आदि की जानकारी दी गई।
प्रशिक्षण में चंपावत विकास खंड में संचालित ओम, उन्नति, महिला विकास, शिवमहिमा, देवभूमि व नारीशक्ति स्वायत्त सहकारिता के चयनित संचालको एवं स्टाफ तथा बालेशवर एफपीओ के स्टाफ सहित कुल 46 सदस्यों द्वारा सक्रिय प्रतिभाग किया जा रहा है।
प्रशिक्षण के प्रथम दिवस प्रशिक्षण व्यवस्था, तकनीकी व संसाधन प्रबंधन में सहायक प्रबंधक आजीविका सुमित कुमार, आशा सामंत, देवयानी ध्वज आदि के द्वारा सहयोग किया गया।
फोटो_ प्रशिक्षण में उपस्थित प्रतिभागी।
चंपावत: सशक्त नेतृत्व, नैतिकता एवं सुशासन की ओर बढते कदम।

