पर्यावरण संरक्षण को प्राथमिकता देने की अपील, पेड़ों की कटाई के बजाय वैज्ञानिक विकल्प अपनाने का सुझाव।
चंपावत। फायर लाइन निर्माण को लेकर पारदर्शिता की मांग तेज हो गई है। सामाजिक कार्यकर्ता दीपेश शर्मा के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने गुरुवार को एसडीओ वन विभाग को ज्ञापन सौंपते हुए फायर लाइन से जुड़े सभी अभिलेख सार्वजनिक करने की मांग की।
प्रतिनिधिमंडल ने एसडीओ वन विभाग सुनील कुमार से मुलाकात कर फायर लाइन की नियमावली, वन संरक्षण और पर्यावरण संरक्षण से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर विस्तार से चर्चा की। इस दौरान टीम ने कहा कि जंगलों की सुरक्षा के साथ-साथ पर्यावरण संतुलन बनाए रखना भी जरूरी है। इसलिए जहां संभव हो, फायर लाइन निर्माण में पेड़ों की कटाई से बचते हुए वैज्ञानिक और पर्यावरण-अनुकूल तरीकों को अपनाया जाए। प्रतिनिधिमंडल ने यह भी सुझाव दिया कि यदि किसी कारणवश पेड़ों को हटाना आवश्यक हो, तो उनकी भरपाई के लिए स्थानीय प्रजातियों के अधिक से अधिक पौधे लगाए जाएं और उनके संरक्षण की प्रभावी व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। ज्ञापन सौंपने वालों में दीपेश शर्मा के अलावा गजेंद्र सिंह बोहरा, विपिन शर्मा और संजय भट्ट भी शामिल रहे।
फोटो – एसडीओ वन विभाग को फायर लाइन से जुड़े अभिलेख सार्वजनिक करने की मांग को लेकर ज्ञापन सौंपते दीपेश शर्मा एवं उनके साथ मौजूद प्रतिनिधिमंडल।
चंपावत: फायर लाइन पर उठे सवाल, अभिलेख सार्वजनिक करने की मांग; वन विभाग को सौंपा ज्ञापन।
