लोहाघाट। स्वामी विवेकानंद राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय में लिंग संवेदीकरण प्रकोष्ठ के तत्वावधान में आयोजित एक दिवसीय कार्यशाला नारी सम्मान और जागरूकता का सशक्त मंच बन गई। कार्यक्रम के तहत आयोजित नारी शक्ति सम्मान समारोह में समाज में उत्कृष्ट योगदान देने वाली महिलाओं को सम्मानित कर उनके कार्यों को सराहा गया।
समारोह में किरण पंत, मीना भट्ट, कुसुम लता ओली, नेहा गडकोटी और प्रतिभा को उनके समाजोपयोगी कार्यों के लिए महाविद्यालय परिवार द्वारा अंगवस्त्र, प्रशस्ति पत्र एवं स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम की मुख्य अतिथि अभियोजन अधिकारी तनुजा वर्मा ने वर्तमान सामाजिक परिदृश्य पर प्रकाश डालते हुए कहा कि आज समाज में अधिकारों को लेकर नई बहसें उभर रही हैं, जिसमें पुरुषों के अधिकार और बच्चों से जुड़े मुद्दे भी प्रमुख हैं। उन्होंने कानून के प्रभावी क्रियान्वयन पर बल देते हुए पॉक्सो एक्ट की समीक्षा की आवश्यकता जताई।
विशिष्ट अतिथि एडवोकेट नवीन मुरारी ने महिलाओं के कानूनी अधिकारों की विस्तृत जानकारी देते हुए कहा कि भारतीय संविधान लैंगिक समानता का मजबूत आधार प्रदान करता है और वर्तमान समय में महिलाओं की स्थिति में उल्लेखनीय सुधार हुआ है। उन्होंने विभिन्न कानूनी प्रावधानों का जिक्र करते हुए सभी को अपने अधिकारों के प्रति जागरूक रहने का संदेश दिया।
कार्यक्रम की संयोजक प्रोफेसर अपराजिता ने अतिथियों का स्वागत किया, जबकि अध्यक्षता प्राचार्य प्रोफेसर संगीता गुप्ता ने की। उन्होंने कहा कि लिंग संवेदीकरण सेल समय-समय पर छात्र-छात्राओं को जरूरी और ज्ञानवर्धक जानकारी प्रदान कर उन्हें जागरूक बना रहा है।
कार्यक्रम के अंतर्गत आयोजित फोटोग्राफी प्रतियोगिता में शालिनी गोरखा ने प्रथम, संजना ने द्वितीय और सुनैना विश्वकर्मा ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। कार्यक्रम का संचालन डॉ. सोनाली कार्तिक एवं डॉ. अर्चना त्रिपाठी ने किया, जबकि धन्यवाद ज्ञापन डॉ. सरस्वती भट्ट द्वारा किया गया।
इस अवसर पर डॉ. बी.पी. ओली, डॉ. कमलेश शक्टा, डॉ. स्वाति बिष्ट, डॉ. स्वाति कांडपाल, डॉ. सरोज यादव, डॉ. अनीता टम्टा, डॉ. वंदना चंद, डॉ. दीपक जोशी सहित महाविद्यालय के शिक्षक एवं बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।
चंपावत: पीजी कॉलेज लोहाघाट में नारी शक्ति का सम्मान, अधिकारों पर जागरूकता की गूंज।
