चंपावत: आयुर्वेद को पुनर्जीवन की जरूरत, केवल घोषणाओं से नहीं बनेगी बात।
उत्तराखंड की पहचान रही आयुष चिकित्सा व्यवस्था, लेकिन संसाधनों और नीतिगत उपेक्षा से जूझ रहा विभाग। लोहाघाट। उत्तराखंड को आयुर्वेद और योग की भूमि माना जाता है। हिमालयी जड़ी-बूटियों और प्राचीन चिकित्सा परंपराओं से समृद्ध इस देवभूमि में सदियों तक आयुर्वेद ही जनमानस के स्वास्थ्य का प्रमुख आधार रहा। आधुनिक चिकित्सा पद्धति के विस्तार के…
